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नतीजे घोषित होने से पहले ही 4.69 लाख छात्र हो गए फेल, जानिए वजह…

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यूपी बोर्ड के नतीजे घोषित होने से पहले ही इंटर के 469279 छात्र फेल हो गए हैं। दरअसल इन छात्रों ने बोर्ड की परीक्षा को बीच में ही छोड़ दिया था और बोर्ड के नियमों के मुताबिक इंटर में एक विषय में फेल होने पर परीक्षार्थी फेल ही माना जाता है। जिसके लिहाज से जिन छात्रों ने परीक्षा छोड़ दी है, वो सभी फेल हो गए हैं। गौरतलब है कि वैसे तो 1129786 छात्रों ने परीक्षा बीच में छोड़ी थी। लेकिन इनमें हाईस्कूल के 660507 छात्र भी शामिल हैं।

आपको बता दें कि हाई स्कूल में नियम है कि 6 में से 5 विषय में भी पास होने पर छात्र को पास मान लिया जाता है। इसलिए ये कहना मुश्किल है कि परीक्षा छोड़ने वाले हाईस्कूल के 6605707 छात्रों में से कितने फेल होंगे। हालांकि बड़ी संख्या में 10वीं के छात्रों के फेल होने की भी आशंका लगाई जा रही है।

सूत्रों के अनुसार हाईस्कूल और इंटरमीडिएट परीक्षा के परिणाम की घोषणा 28 से 30 अप्रैल के बीच में किसी भी दिन हो सकती है। कॉपियों का मूल्यांकन पूरा होने के बाद बोर्ड के अफसर परिणाम की तैयारी में जुट गये हैं। आपको बता दें कि स्टूडेंट्स यूपी बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट upmsp.edu.in, Upresult nic in पर जाकर रिजल्ट देख सकते हैं।

वहीं प्रशासन ने निर्देश दिया है कि हर हाल में अप्रैल में ही रिजल्ट को घोषित किया जाए ताकि 11वीं के बच्चों की पढ़ाई को नुकसान न हो। बोर्ड की 5 करोड़ से ज्यादा कॉपियों का मूल्यांकन 248 केंद्रों पर 17 से 31 मार्च तक किया गया है।

इसके लिए 146275 शिक्षकों की ड्यूटी लगी थी। हालांकि कुछ केंद्रों पर 31 मार्च के बाद भी कॉपियां चेक हुई है। साल 2018 की बोर्ड परीक्षा के लिए कुल 66,37,018 परीक्षार्थी पंजीकृत हुए थे। इनमें से 11.29 लाख छात्र-छात्राओं ने बीच में ही परीक्षा को छोड़ दिया था।

इतनी बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं के परीक्षा छोड़ने की वजह से पिछले साल की तुलना में परिणाम कम होने की आशंका लगाई जा रही है। यूपी बोर्ड की सचिव नीना श्रीवास्तव ने कहा कि अप्रैल के अंत में 10वीं और 12वीं के परिणाम घोषित होने की संभावना है।

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